मेरे सौरभ-द्वार पर प्रीतिकर प्रतिक्रियाएं

अनुक्रम
शीर्षक
कला के रूप में अंकित करना भी एक कला है।
बसंत कुमारसरला बिरला
श्री जाजू का जीवन एक पूरा संवाद
डाॅ- कपिला वात्स्यायन
औद्योगिक उपलब्धियों के बीच भी सांस्कृतिक सरोकारों के उजागर व्यक्ति हैं बंधुवर जाजूजी
रामदरश मिश्र
जाजूजी का द्वार तो सौरभहीसौरभ से भरा है
डाॅ- वेदप्रताप वैदिक
जाजूजी की विलक्षण प्रतिभा और सृजनात्मक क्षमता का दस्तावेज है सौरभद्वार
बी-एल- जोशी
उनके भाषणों में भी कविता का माधुर्य है
त्रिलोकीनाथ चतुर्वेदी
सौरभद्वार पढ़कर उभरते भावों की ध्वनियां
लक्ष्मीनिवास झुनझुनवाला
सांस्कृतिकसाहित्यिक एवं औद्योगिक क्षेत्र की त्रिवेणी हैं जाजू
डाॅ- कन्हैयालाल नंदन
स्मृति का आलोकपर्व है यह गद्यकृति
डाॅ- कृष्णदत्त पालीवाल
सुरभित स्मृतियों की बयार
बालस्वरूप राही
मेरे सौरभद्वार एक आकलन
राजनारायण बिसारिया
विदग्ध पाठकों के लिए रुचिकर उपयोगी तथा ज्ञानवर्धक
डाॅ- इंद्रनाथ चैाधरी
एक संवेदनशील और कर्मठ व्यक्ति की अंतर्यात्रा के पड़ाव
डाॅ- निर्मला जैन
जाजूजी की विद्वत्ता तथा कर्मठता का परिचय
कमला सिंघवी
अनेक में एक पोथी है मेरे सौरभद्वार
अजित कुमार
एक शब्दांकित कोलाज है मेरे सौरभद्वार
सुषमा प्रियदर्शिनी
जी कर लिखी कृति मेरे सौरभद्वार
डाॅ- गोविंद व्यास
संस्मरणात्मक साहित्य की अनूठी रचना
डाॅ- योगेंद्रनाथ शर्मा अरुण
एक दस्तावेजी संकलन है मेरे सौरभद्वार
विमलेश कांति वर्मा
जीवन को सुगंधित बनाने वाली ऐतिहासिक धरोहर
विजय शंकर विकुम

नीलम कावड़िया
बहुआयामी व्यक्तित्व की अभिव्यक्ति
डाॅ- प्रभातकुमार भट्टाचार्य
राम निवास जाजू जीवन रेखा
पुुस्तक में प्रयुक्त चित्रों की सूची
नामानुक्रमणिका